छत्तीसगढ़ की विशेष जनजाति: ‘बिरहोर’ (जंगल के आदमी) की अनूठी दुनिया
भारत विविधताओं का देश है और यहाँ कई ऐसी जनजातियाँ रहती हैं जिनकी अपनी एक अलग और बेहद दिलचस्प दुनिया है। आज हम बात करेंगे छत्तीसगढ़ की एक विशेष पिछड़ी जनजाति ‘बिरहोर’ के बारे में। आइए आसान शब्दों में जानते हैं इनकी जीवनशैली, खान-पान और संस्कृति के बारे में।
नाम का मतलब क्या है?
सबसे पहले जानते हैं कि ‘बिरहोर’ का मतलब क्या होता है। मुंडारी भाषा में “बिर” का अर्थ है ‘जंगल या झाड़ी’ और “होर” का मतलब है ‘आदमी’। इस तरह बिरहोर का सीधा सा अर्थ है— “जंगल का आदमी”। इनकी उत्पत्ति कोलारियन समूह से मानी जाती है और ये मुख्य रूप से झारखंड के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के रायगढ़, जशपुर, कोरबा और बिलासपुर जिलों में निवास करते हैं।
कैसा होता है इनका घर?
-
ये लोग जंगलों के किनारे छोटी-छोटी झोपड़ियां बनाकर रहते हैं, जिन्हें “कुड़िया” कहा जाता है।
-
लकड़ी और घास-फूस से बनी इस कुड़िया में केवल एक ही कमरा होता है।
-
इनके पास ओढ़ने-बिछाने के बहुत साधन नहीं होते, इसलिए ये ज़मीन पर पैरा (पुआल) बिछाकर सोते हैं।
-
जाड़े के मौसम में पूरा परिवार एक साथ आग (अलाव) जलाकर उसके चारों ओर सोता है।
खान-पान और पहनावा
इनकी जीवनशैली प्रकृति के बेहद करीब है:
-
भोजन: इनका मुख्य भोजन चावल, कोदो की पेज, और जंगली कंदमूल है। ये मांसाहार भी करते हैं जिसमें मछली, मुर्गा, बकरा, हिरण, खरगोश से लेकर बंदर और जंगली पक्षियों का मांस शामिल होता है। ये महुआ की शराब भी पीते हैं।
-
पहनावा: पुरुष सामान्यतः लंगोटी या छोटा पंचा पहनते हैं, जबकि स्त्रियाँ ‘लुगड़ा’ पहनती हैं। स्त्रियाँ पीतल आदि के आभूषण, गले में माला और नाक में फूली पहनना पसंद करती हैं।
काम-काज और जीवनशैली
इनका मुख्य काम शिकार करना और जंगल से खाने-पीने की चीजें (जैसे कंदमूल) इकट्ठा करना है। ये मोहलाइन पेड़ की छाल से रस्सी और बांस से टोकरियाँ बनाकर बेचते हैं।
रहने के तरीके के आधार पर बिरहोर दो तरह के होते हैं:
-
उथलू: जो लोग शिकार और भोजन की तलाश में घूमंतू जीवन जीते हैं और अस्थायी घर बनाते हैं।
-
जंघीस (जघीश): जो लोग एक ही जगह पर स्थायी कुड़िया बनाकर गाँवों के पास रहते हैं।
समाज, विवाह और रीति-रिवाज
-
गोत्र और विवाह: इनमें कई गोत्र होते हैं (जैसे बघेले, कछुआ, आदि) और ये हमेशा अपने गोत्र से बाहर शादी करते हैं। लड़कों की शादी की उम्र 16-18 साल और लड़कियों की 14-16 साल होती है। विवाह संपन्न कराने वाले पुजारी को “डेड़हा” कहते हैं। इनमें विधवा विवाह और पुनर्विवाह (चूड़ी पहनना) की भी अनुमति है।
-
जन्म और मृत्यु: बच्चे के जन्म के 7वें दिन ‘छठी’ मनाई जाती है और सूर्य के दर्शन कराए जाते हैं। मृत्यु होने पर ये शव को दफनाते हैं, और मृत्यु के बाद पुरानी कुड़िया को तोड़कर नई कुड़िया बनाई जाती है।
-
पंचायत: इनकी अपनी परंपरागत पंचायत होती है जिसके प्रमुख को “मालिक” कहा जाता है।
धर्म, त्योहार और कला
-
देवता: बिरहोर जनजाति के सबसे प्रमुख देवता ‘सूरज’ (सूर्य) हैं। इसके अलावा ये पहाड़ों और पेड़ों की भी पूजा करते हैं और बलि भी देते हैं।
-
पाहन: इनके समाज में जादू-टोने, तंत्र-मंत्र और जड़ी-बूटी के जानकार को “पाहन” कहा जाता है।
-
त्योहार और नाच-गाना: नवाखानी, दशहरा, सरहुल, करमा और फगुआ इनके प्रमुख त्योहार हैं। खुशी के मौकों पर ये करमा, फगुआ और बिहाव नाच करते हैं, जिसमें मांदर, ढोल, डफली और टिमकी जैसे वाद्य यंत्रों की गूंज होती है।
निष्कर्ष:
बिरहोर जनजाति का जीवन हमें सिखाता है कि सीमित साधनों और प्रकृति के बीच रहकर भी एक समृद्ध संस्कृति और खुशहाल जीवन जिया जा सकता है। आधुनिकता की दौड़ में इनकी सादगी और परंपराएं आज भी अपना अलग महत्व रखती हैं।
बिरहोर जनजाति के बारे में 25 महत्वपूर्ण बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQ) और उनके उत्तर नीचे दिए गए हैं:
1. मुंडारी भाषा में ‘बिरहोर’ का क्या अर्थ होता है?
A) पहाड़ का आदमी
B) जंगल का आदमी
C) शिकार करने वाला
D) गुफाओं में रहने वाला
उत्तर: B) जंगल का आदमी
2. बिरहोर जनजाति को किस समूह की जनजाति माना जाता है?
A) मुंडा समूह
B) द्रविड़ियन समूह
C) कोलारियन समूह
D) आर्य समूह
उत्तर: C) कोलारियन समूह
3. देश में बिरहोर जनजाति की अधिकांश जनसंख्या किस राज्य में निवास करती है?
A) छत्तीसगढ़
B) मध्य प्रदेश
C) झारखंड
D) ओडिशा
उत्तर: C) झारखंड
4. बिरहोर जनजाति की झोपड़ी को क्या कहा जाता है?
A) टपरा
B) घोटुल
C) कुड़िया
D) मड़ई
उत्तर: C) कुड़िया
5. बिरहोरों की ‘कुड़िया’ (झोपड़ी) में सामान्यतः कितने कमरे होते हैं?
A) एक
B) दो
C) तीन
D) चार
उत्तर: A) एक
6. घुमंतू जीवन व्यतीत करने वाले (शिकार व कंदमूल की खोज में घूमने वाले) बिरहोर क्या कहलाते हैं?
A) उथलू
B) जघीश
C) डेड़हा
D) पाहन
उत्तर: A) उथलू
7. स्थायी झोपड़ी (कुड़िया) बनाकर गाँवों के समीप निवास करने वाले बिरहोरों को क्या कहा जाता है?
A) उथलू
B) जघीश (जंघीस)
C) मुंडा
D) कोल
उत्तर: B) जघीश (जंघीस)
8. बिरहोर जनजाति में रस्सी बनाने के लिए मुख्य रूप से किस पेड़ की छाल का उपयोग किया जाता है?
A) साल
B) मोहलाइन
C) सागौन
D) शीशम
उत्तर: B) मोहलाइन
9. बिरहोर समाज में ढोलक बनाने के लिए किस वृक्ष की लकड़ी का प्रयोग होता है?
A) बाँस और नीम
B) सालेहा व पोटे
C) आम और कटहल
D) महुआ और साल
उत्तर: B) सालेहा व पोटे
10. बिरहोर जनजाति में प्रसव (डिलीवरी) कराने वाली उसी जाति की दाई को क्या कहा जाता है?
A) कुसेरू
B) डेड़हा
C) मालकिन
D) पाहन
उत्तर: A) कुसेरू
11. बच्चे के जन्म के बाद बिरहोर समाज में ‘छठी’ किस दिन मनाई जाती है?
A) तीसरे दिन
B) पाँचवें दिन
C) सातवें दिन
D) बारहवें दिन
उत्तर: C) सातवें दिन
12. बिरहोर जनजाति में विवाह की रस्म संपन्न कराने वाले पुजारी को क्या कहते हैं?
A) पाहन
B) डेड़हा
C) बैगा
D) सिरहा
उत्तर: B) डेड़हा
13. बिरहोर समाज में ‘गोलत’ प्रथा का संबंध किससे है?
A) जन्म संस्कार से
B) मृत्यु संस्कार से
C) विनिमय (Exchange) विवाह से
D) कृषि से
उत्तर: C) विनिमय (Exchange) विवाह से
14. बिरहोरों में विधवा तथा विवाहिता को दूसरे व्यक्ति के साथ ‘चूड़ी पहनने’ की प्रथा किस बात की अनुमति देती है?
A) पुनर्विवाह
B) सगाई
C) संपत्ति का बँटवारा
D) पंचायत में शामिल होना
उत्तर: A) पुनर्विवाह
15. मृत्यु होने पर बिरहोर समाज में मृतक के साथ कौन सी प्रथा अपनाई जाती है?
A) जलाया जाता है
B) जल समाधि दी जाती है
C) दफनाया जाता है
D) पहाड़ों पर छोड़ दिया जाता है
उत्तर: C) दफनाया जाता है
16. परिवार में किसी की मृत्यु होने के बाद पुरानी कुड़िया (झोपड़ी) को लेकर बिरहोर समाज में क्या परंपरा है?
A) उसे खाली छोड़ देते हैं
B) उसे जला देते हैं
C) पुरानी कुड़िया को तोड़कर नई कुड़िया बना लेते हैं
D) उसे जानवरों के लिए छोड़ देते हैं
उत्तर: C) पुरानी कुड़िया को तोड़कर नई कुड़िया बना लेते हैं
17. बिरहोरों की परंपरागत जाति पंचायत का प्रमुख क्या कहलाता है?
A) पटेल
B) सरपंच
C) मुकद्दम
D) मालिक
उत्तर: D) मालिक
18. बिरहोर जनजाति के सबसे प्रमुख देवता कौन हैं?
A) बूढ़ादेव
B) सूरज (सूर्य)
C) शिव
D) ठाकुर देव
उत्तर: B) सूरज (सूर्य)
19. बिरहोर समाज में मंत्र-तंत्र व जड़ी-बूटी का जानकार क्या कहलाता है?
A) डेड़हा
B) कुसेरू
C) पाहन
D) मालिक
उत्तर: C) पाहन
20. 2011 की जनगणना के अनुसार बिरहोर जनजाति की कुल साक्षरता दर कितनी थी?
A) 28.7%
B) 39.0%
C) 49.6%
D) 15.5%
उत्तर: B) 39.0%
21. बिरहोर स्त्रियाँ अपनी नाक में कौन सा आभूषण पहनती हैं?
A) खिनवा
B) ऐंठी
C) फूली
D) पट्टा
उत्तर: C) फूली
22. जाति पंचायत में विवाहिता का पहले पति को छोड़ना (तलाक) किस नाम से जाना जाता है?
A) सूक
B) दूकू
C) गोलत
D) सहपलायन
उत्तर: A) सूक
23. बिरहोर जनजाति के लोग मुख्य रूप से क्या शिकार करते हैं?
A) केवल मछलियाँ
B) बंदर, सुअर, हिरण और अन्य जंगली पक्षी-जानवर
C) केवल शेर और बाघ
D) केवल मुर्गे
उत्तर: B) बंदर, सुअर, हिरण और अन्य जंगली पक्षी-जानवर
24. बिरहोरों की लोक कथाओं के अनुसार, सात भाइयों को सूरज द्वारा कहाँ गिराया गया था?
A) बस्तर के जंगलों में
B) खैरागढ़ (कैमूर पहाड़ी) में
C) रामगढ़ की पहाड़ी पर
D) जशपुर के मैदानों में
उत्तर: B) खैरागढ़ (कैमूर पहाड़ी) में
25. निम्नलिखित में से कौन सा बिरहोरों का प्रमुख नृत्य है?
A) पंथी
B) करमा और फगुआ
C) राउत नाचा
D) सुआ
उत्तर: B) करमा और फगुआ










Leave a Reply